सिगरेट पीना माना है पर फिर भी लोग नहीँ सुनते.कैसे ढीठ हैं.दो दिन छोड़ कर फिर चिमेनी के तरफ़ चालू? कमाल है! अरे बाबू छोड़ दी तो छोड़ दी, कौन से अची चीज़ है यह? होठों से हे लगाना है तो दुनियाल ओर चीज़ें कूम हैं? क्यूँ जी ठीक कहा ना.
तो चलो खओ कसम अभी नहीँ करेंगे स्मोकिंग.
चलो नेक्स्ट टाइम तलब लगे तो यह गाना सुनो ओर देखो. वैसे मेरे बेटा जी को भी बहुत पसंद है. स्मिता